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Yantra

Bagula Mukhi Yantra

 

 

बगलामुखी यंत्र

बगला दस महाविद्याओं में एक है इसकी उपासना से शत्रु का नाश होता है,शत्रु की जिव्हा वाणी व वचनों का स्तम्भन करने हेतु इससे बढकर कोई यंत्र नही है। इस यंत्र के मध्य बिंदु पर बगलामुखी देवी का आव्हान व ध्यान करना पडता है,इसे पीताम्बरी विद्या भी कहते हैं,क्योंकि इसकी उपासना में पीले वस्त्र पीले पुष्प पीली हल्दी की माला एवं केशर की खीर का भोग लगता है। इस यंत्र में बिन्दु त्रिकोण षटकोण वृत्त अष्टदल वृत्त षोडशदल एवं भूपुर की रचना की गयी है,नुकसान पहुंचाने वाले दुष्ट शत्रु की जिव्हा हाथ से खींचती हुयी बगलादेवी का ध्यान करते हुये शत्रु के सर्वनाश की कल्पना की जाती है। इस यंत्र के विशेष प्रयोग से प्रेतबाधा व यक्षिणीबाधा का भी नाश होता है।बगलामुखी यंत्र की उपासना से शत्रु का नाश होता है, स्तम्भन करने हेतु इससे बढकर कोई यंत्र नही है. प्रेत बाधा निवारक यंत्र इस यंत्र के विशेष प्रयोग से प्रेतबाधा व यक्षिणीबाधा का भी नाश होता है. महामृत्युंजय इस यंत्र के उपयोग से अकाल मृत्यु से मुक्ति प्राप्त होती है. यह शिवाव भगवान का प्रिय यंत्र है. भगवान शंकर की स्तुति व उक्त यंत्र की स्थापना भक्त को समस्त बाधाओं से मुक्त कर देती है. रोगों की निवृत्ति के लिये एवं दीर्घायु की कामना के लिये इस यंत्र का उपयोग बहुत लाभदायक होता है.

यंत्र आप स्थापित करने के बाद इस मंत्र की 21 माला करें किसी भी शुभ दिन को इस से यंत्र का प्रभाव और भी बढ़ता जायेगा  जो आप को लाभ देगा अधिक जानकारी के लिए आप हमारी वेब साइट देखते रहे 

आप हम से ही यंत्र क्यों ले इसके पीछे सबसे बड़ा कारण है की हम यंत्र को शुभ दिनों में अच्छी क्वालटी की धातु से त्यार करवा कर शुभ महूर्तो में प्राण प्रतिष्ठा कर कर फ्रेमिंग करवाते है और इस का जपनीय मंत्र भी आप को साथ देते है जो आप को लाभ देगा 

Astrologer Kanchan Pardeep Kukreja

Divya Jyoti Astro And Vaastu

Abohar & Ludhiana